इंग्लैंड ने फीफा विश्व कप 2026 अभियान की शानदार शुरुआत करते हुए डलास में खेले गए ग्रुप एल के अपने पहले मुकाबले में क्रोएशिया को 4-2 से हराकर महत्वपूर्ण तीन अंक हासिल किए। थॉमस टुखेल की टीम ने आक्रमण में प्रभावशाली प्रदर्शन किया, लेकिन रक्षापंक्ति की कमजोरियां भी सामने आईं, जिन पर टूर्नामेंट के आगे बढ़ने के साथ काम करने की जरूरत होगी।
केन के गोल से इंग्लैंड की मजबूत शुरुआत
इंग्लैंड ने मैच की शुरुआत आक्रामक अंदाज में की और 12वें मिनट में बढ़त हासिल कर ली। नोनी माडुएके को बॉक्स के अंदर लुका मोड्रिच ने गिरा दिया, जिससे इंग्लैंड को पेनाल्टी मिली। हैरी केन का पहला प्रयास क्रोएशियाई गोलकीपर डोमिनिक लिवाकोविच ने रोक दिया, लेकिन गोलकीपर के समय से पहले लाइन छोड़ने के कारण पेनाल्टी दोबारा कराई गई। दूसरी कोशिश में केन ने कोई गलती नहीं की और इंग्लैंड को बढ़त दिला दी।
हालांकि इंग्लैंड ने अधिकांश समय गेंद पर नियंत्रण बनाए रखा, लेकिन वह क्रोएशिया को शांत रखने में नाकाम रहा। 36वें मिनट में मार्टिन बातुरीना ने जोरदार शॉट लगाकर जॉर्डन पिकफोर्ड को मात दी और स्कोर 1-1 कर दिया।
हाफ टाइम से पहले फिर चमके केन
इंग्लैंड ने जल्दी वापसी की। पहले हाफ के समाप्त होने से तीन मिनट पहले डेक्लान राइस के कॉर्नर पर हैरी केन ने दमदार हेडर लगाकर टीम को फिर बढ़त दिला दी। यह इंग्लैंड के लिए उनका 81वां गोल और विश्व कप में 10वां गोल था, जिससे उन्होंने गैरी लाइनकर के विश्व कप गोल रिकॉर्ड की बराबरी कर ली।
लेकिन हाफ टाइम से ठीक पहले इंग्लैंड की रक्षापंक्ति फिर लड़खड़ा गई। इवान पेरिसिच के हेडर के बाद पेटार मूसा ने शानदार फिनिश के साथ गेंद को जाल में पहुंचाया और स्कोर 2-2 कर दिया।
बेलिंगहम ने संभाली कमान
दूसरे हाफ की शुरुआत में इंग्लैंड ने फिर दबदबा बनाया। जूड बेलिंगहम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए अपनी उपयोगिता साबित की। उन्होंने आगे बढ़ते हुए आत्मविश्वास के साथ गोल किया और इंग्लैंड को फिर बढ़त दिला दी।
इस गोल के बाद मैच की लय पूरी तरह इंग्लैंड के पक्ष में चली गई। टुखेल की टीम ने लगातार दबाव बनाया और कई मौके तैयार किए। क्रोएशिया के लिए इंग्लैंड के आक्रामक खेल को रोकना मुश्किल हो गया।
रैशफोर्ड ने जीत पर लगाई मुहर
क्रोएशिया मुकाबले में बना हुआ था, लेकिन मैच समाप्त होने से पांच मिनट पहले स्थानापन्न खिलाड़ी मार्कस रैशफोर्ड ने शांत दिमाग से गोल कर इंग्लैंड की जीत सुनिश्चित कर दी।
इस गोल ने क्रोएशिया की वापसी की उम्मीदों को समाप्त कर दिया और इंग्लैंड ने विश्व कप अभियान की विजयी शुरुआत की।
आक्रमण शानदार, लेकिन रक्षा चिंता का कारण
इंग्लैंड के आक्रमण ने उम्मीदें जगाईं। हैरी केन शुरुआती गोल करने वाले खिलाड़ियों की सूची में शामिल हो गए और गोल्डन बूट की दौड़ में लियोनेल मेसी, किलियन एम्बाप्पे और एरलिंग हालैंड जैसे सितारों के साथ अपना नाम दर्ज करा लिया। जूड बेलिंगहम ने भी मिडफील्ड में शानदार प्रदर्शन किया और ऊर्जा, रचनात्मकता तथा महत्वपूर्ण गोल के साथ टीम को मजबूती दी।
हालांकि, टुखेल इंग्लैंड की रक्षापंक्ति से चिंतित होंगे। क्रोएशिया के दोनों गोल ऐसे मौकों पर आए, जिन्हें बेहतर तरीके से रोका जा सकता था। आक्रमण भले ही शानदार दिखा, लेकिन मजबूत टीमों के खिलाफ आगे बढ़ने के लिए रक्षा में सुधार जरूरी होगा।
मोड्रिच के लिए निराशाजनक दिन
क्रोएशिया के लिए यह शाम निराशाजनक रही। विश्व कप में देश के सबसे सफल खिलाड़ियों में शामिल लुका मोड्रिच का प्रदर्शन फीका रहा। उन्होंने शुरुआती पेनाल्टी गंवाई और 58वें मिनट में उन्हें मैदान से बाहर बुला लिया गया, क्योंकि इंग्लैंड लगातार मैच पर पकड़ मजबूत करता जा रहा था।
हार के बावजूद क्रोएशिया के पास अभी भी वापसी का मौका है और वह ग्रुप एल के अगले मुकाबले में बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद करेगा।
आगे क्या?
अब इंग्लैंड का सामना घाना से होगा, जबकि क्रोएशिया पनामा से भिड़ेगा। दोनों टीमें ग्रुप एल में अपने अभियान को आगे बढ़ाएंगी। इंग्लैंड डलास से तीन महत्वपूर्ण अंक और आक्रमण में कई सकारात्मक संकेत लेकर लौट रहा है, लेकिन टीम यह भी जानती है कि विश्व कप में लंबा सफर तय करने के लिए रक्षापंक्ति को और मजबूत करना बेहद जरूरी होगा।
