रिपोर्टों के अनुसार, संयुक्त राज्य अमेरिका और ईरान होर्मुज जलडमरूमध्य में अमेरिकी नौसैनिक नाकाबंदी को नरम करने पर सहमत हो गए हैं। इसके बदले ईरान इस महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग को धीरे-धीरे फिर से खोल देगा।
अल अरबिया के मुताबिक, दोनों पक्ष गुरुवार को इस समझौते पर पहुंचे। अमेरिका-ईरान संघर्ष के शुरुआती दिनों में ईरान ने होर्मुज जलडमरूमध्य को बंद कर दिया था। इस कदम से वैश्विक तेल और ऊर्जा आपूर्ति प्रभावित हुई थी।
सूत्रों ने अल अरबिया से कहा, “नाकाबंदी में ढील देने के बदले होर्मुज जलडमरूमध्य को धीरे-धीरे खोलने पर सहमति बनी है। आने वाले घंटों में जलडमरूमध्य में फंसे जहाजों को छोड़ा जाएगा।”
रिपोर्टों में कहा गया है कि वॉशिंगटन और तेहरान के बीच बातचीत में प्रगति के बाद फंसे हुए जहाज जल्द फिर से आवाजाही शुरू कर सकते हैं।
ट्रंप ने ‘प्रोजेक्ट फ्रीडम’ रोका
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने पहले कहा था कि उन्हें ईरान के साथ समझौते को लेकर उम्मीद है। उन्होंने बातचीत को “बहुत अच्छी” बताया और कहा कि युद्ध “जल्दी खत्म हो जाएगा।”
ट्रंप ने यह टिप्पणी “प्रोजेक्ट फ्रीडम” को अस्थायी रूप से रोकने की घोषणा करते समय की थी। अमेरिका ने एक दिन पहले यह सैन्य समर्थित अभियान शुरू किया था ताकि व्यावसायिक जहाज सुरक्षित रूप से होर्मुज जलडमरूमध्य से बाहर निकल सकें।
उस समय ट्रंप ने यह भी कहा था कि नाकाबंदी पूरी तरह जारी रहेगी। उन्होंने आगे कहा कि ईरानी अधिकारियों के साथ बातचीत में “बड़ी प्रगति” हुई है और दोनों पक्ष “पूर्ण और अंतिम समझौते” के करीब पहुंच गए हैं।
ईरान अमेरिकी प्रस्ताव की समीक्षा कर रहा
यह घटनाक्रम तब सामने आया जब ईरान ने पुष्टि की कि वह अमेरिका द्वारा प्रस्तावित 14 सूत्रीय ज्ञापन की समीक्षा कर रहा है। इस प्रस्ताव का उद्देश्य 28 फरवरी से जारी संघर्ष को समाप्त करना है।
इससे पहले रॉयटर्स ने रिपोर्ट दी थी कि वॉशिंगटन और तेहरान एक पन्ने के ज्ञापन के जरिए समझौते के करीब पहुंच रहे हैं।
एक्सियोस के अनुसार, प्रस्तावित समझौते के तहत ईरान को परमाणु संवर्धन गतिविधियां रोकनी पड़ सकती हैं। बदले में अमेरिका प्रतिबंधों में ढील दे सकता है और ईरान की जमा अरबों डॉलर की राशि जारी कराने में मदद कर सकता है।
रिपोर्टों के मुताबिक, इस रूपरेखा में होर्मुज जलडमरूमध्य से समुद्री आवाजाही पर लगी पाबंदियों में ढील भी शामिल है।
होर्मुज जलडमरूमध्य की रणनीतिक अहमियत
होर्मुज जलडमरूमध्य दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण तेल परिवहन मार्गों में से एक है। इस क्षेत्र में किसी भी सैन्य कार्रवाई का असर वैश्विक ऊर्जा बाजार और तेल की कीमतों पर तेजी से पड़ सकता है।
ताजा घटनाक्रम तनाव कम होने की दिशा में एक संभावित कदम माना जा रहा है। हालांकि, क्षेत्र में जारी सैन्य मौजूदगी यह भी दिखाती है कि अमेरिका और ईरान के बीच कई बड़े मुद्दे अब भी अनसुलझे हैं।
