फेडरल ब्यूरो ऑफ इन्वेस्टिगेशन (FBI) के निदेशक काश पटेल ने ब्यूरो के भीतर एक असामान्य शैली अपनाई है। वह आधिकारिक कार्यक्रमों के दौरान FBI कर्मचारियों और आम नागरिकों को केंटकी बोरबॉन की निजी ब्रांडिंग वाली बोतलें भेंट कर रहे हैं।
द अटलांटिक की रिपोर्ट, जिसकी बाद में वर्तमान और पूर्व न्याय विभाग कर्मचारियों ने पुष्टि की, के अनुसार पटेल ने आधिकारिक यात्राओं और बैठकों के दौरान वुडफोर्ड रिजर्व व्हिस्की की कस्टम-एनग्रेव्ड बोतलें वितरित कीं।
‘Ka$h’ ब्रांडिंग पर उठे सवाल
बताया गया है कि इन बोतलों पर “Kash Patel FBI Director” के साथ FBI का प्रतीक चिन्ह भी छपा हुआ है। सील के आसपास पटेल के नाम की उनकी पसंदीदा स्टाइलिश स्पेलिंग “Ka$h” भी इस्तेमाल की गई है।
कुछ बोतलों पर पटेल के हस्ताक्षर और “#9” का निशान भी मौजूद है, जो उन्हें FBI के नौवें निदेशक के रूप में दर्शाता है। ब्यूरो के कई पूर्व अधिकारियों ने इस ब्रांडिंग को नापसंद किया। आलोचकों ने इसे अत्यधिक आत्म-प्रचार बताया।
आधिकारिक दौरों पर ले जाई गईं बोतलें
द अटलांटिक के अनुसार, पटेल की टीम आधिकारिक यात्राओं के दौरान न्याय विभाग के विमानों में इन निजी ब्रांडिंग वाली बोरबॉन की पेटियां लेकर जाती थी। ऐसा ही एक मामला मिलान में विंटर ओलंपिक से जुड़े दौरे के दौरान सामने आया।
सूत्रों के अनुसार, पटेल ने टीम USA की हॉकी टीम के साथ जश्न मनाया और बाद में लॉकर रूम में एक बोतल छोड़ दी। रिपोर्ट में दावा किया गया कि इस घटना से अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप नाराज़ हो गए, क्योंकि वह शराब नहीं पीते हैं।
क्वांटिको में गायब बोतल की तलाश
एक अन्य घटना मार्च में क्वांटिको स्थित FBI ट्रेनिंग अकादमी में UFC सेमिनार के दौरान हुई। सूत्रों के मुताबिक, वहां बोरबॉन की एक बोतल गायब हो गई। इसके बाद पटेल ने कथित तौर पर उसे ढूंढने के लिए “गुस्से में” व्यापक खोज अभियान चलाने का आदेश दिया।
जे. एडगर हूवर से तुलना
विश्लेषकों ने पटेल की इन गतिविधियों की तुलना पूर्व FBI प्रमुख जे. एडगर हूवर से की है, जो कभी स्मृति चिन्ह के रूप में फिंगरप्रिंट कार्ड बांटा करते थे। हालांकि, आलोचकों का मानना है कि पटेल ने इस तरह की ब्रांडिंग को जरूरत से ज्यादा बढ़ा दिया है।
बोरबॉन की बोतलों के अलावा, उन्होंने अपनी निजी वेबसाइट पर “Government Gangsters” प्लेइंग कार्ड्स और कैमोफ्लाज हुडीज़ का भी प्रचार किया है।
कुछ अधिकारियों को डर है कि इस तरह की गतिविधियां FBI की छवि को नुकसान पहुंचा सकती हैं।
कानूनी विवादों से भी बढ़ा दबाव
यह विवाद ऐसे समय सामने आया है जब पटेल पहले से ही दबाव में हैं। वह वर्तमान में द अटलांटिक के खिलाफ 25 करोड़ डॉलर के मानहानि मुकदमे का सामना कर रहे हैं।
यह मामला उस रिपोर्ट के बाद शुरू हुआ जिसमें उन पर शराब से जुड़ी अनुपस्थिति और अस्थिर व्यवहार के आरोप लगाए गए थे।
FBI ने उन दावों से इनकार किया है कि रिपोर्ट प्रकाशित करने वाले पत्रकारों के खिलाफ “इनसाइडर थ्रेट” जांच शुरू की गई थी। फिर भी, ब्यूरो के भीतर कई लोगों का कहना है कि माहौल अब भी बेहद तनावपूर्ण बना हुआ है।
