रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण हॉर्मुज जलडमरूमध्य को लेकर बढ़ते तनाव के बीच अमेरिका ने लगातार छठी रात ईरान पर हमले किए। दोनों देशों के बीच सैन्य टकराव तेज हो गया है, हालांकि वॉशिंगटन ने कहा है कि कूटनीतिक बातचीत का विकल्प अभी भी खुला है।
स्विट्जरलैंड में अमेरिका और ईरान के अधिकारियों ने एक नाजुक शांति ढांचे को आगे बढ़ाने के लिए महत्वपूर्ण वार्ता शुरू की है। हालांकि, ईरान के परमाणु कार्यक्रम को लेकर मतभेद और इजरायल-हिजबुल्लाह संघर्ष से जुड़े तनाव इन बातचीतों की कठिन परीक्षा ले रहे हैं।
होर्मुज जलडमरूमध्य संकट और अमेरिका के साथ बढ़ते तनाव के बीच पाकिस्तान ने ईरान के साथ कूटनीतिक प्रयास तेज कर दिए हैं, ताकि रुकी हुई शांति वार्ताओं को फिर से शुरू कराया जा सके।
डोनाल्ड ट्रंप ने चेतावनी दी है कि यदि वार्ता विफल होती है, तो अमेरिका और अधिक कठोर सैन्य कार्रवाई कर सकता है। वहीं, रिपोर्टों के अनुसार ईरान अगले कुछ दिनों में अमेरिकी शांति प्रस्ताव पर जवाब दे सकता है।
ईरान ने होर्मुज जलडमरूमध्य को लेकर रणनीति में बदलाव के संकेत दिए हैं। अमेरिका के साथ समुद्री आवाजाही और सैन्य कार्रवाइयों को लेकर बढ़ते तनाव के बीच ईरान ने “नए समीकरण” की चेतावनी दी है।
ईरान ने चेतावनी दी है कि वह अमेरिका के साथ जमीनी युद्ध के लिए तैयार है और वाशिंगटन पर सैन्य कार्रवाई के लिए कूटनीति को आड़ के रूप में इस्तेमाल करने का आरोप लगाया है।