साक्षी चौधरी ने शनिवार को राष्ट्रमंडल खेल 2026 में महिलाओं की 51 किग्रा बॉक्सिंग स्पर्धा में स्वर्ण पदक जीतकर इतिहास रच दिया। दो बार की विश्व चैंपियन साक्षी ने फाइनल में इंग्लैंड की व्हाइट को सर्वसम्मत 5-0 के फैसले से हराया और ग्लासगो में शानदार प्रदर्शन करते हुए अपना पहला राष्ट्रमंडल खेल पदक हासिल किया।
इस जीत के साथ भारत ने राष्ट्रमंडल खेल 2026 में अपना नौवां स्वर्ण पदक भी हासिल कर लिया।
साक्षी ने फाइनल में शुरुआत से बनाई बढ़त
साक्षी ने मुकाबले के शुरुआती राउंड से ही अपना दबदबा बनाए रखा। उन्होंने अपनी लंबाई का बेहतरीन इस्तेमाल किया और पूरे मुकाबले के दौरान अपनी प्रतिद्वंद्वी को सुरक्षित दूरी पर रखा।
भारतीय मुक्केबाज ने सटीक लेफ्ट जैब लगाए और मुकाबले की गति को नियंत्रित किया। उनकी शानदार फुटवर्क और अनुशासित रणनीति ने व्हाइट को अपनी लय हासिल नहीं करने दी। नतीजतन, साक्षी ने जजों को प्रभावित किया और स्कोरकार्ड पर शुरुआती बढ़त बना ली।
मजबूत डिफेंस ने साक्षी को आगे बनाए रखा
दूसरे राउंड में व्हाइट ने अपनी रणनीति बदली और करीब से लड़ने की कोशिश की। उन्होंने साक्षी पर दबाव बनाने के लिए कई हमले किए।
हालांकि, साक्षी शांत रहीं और मुकाबले को नियंत्रित करती रहीं। उन्होंने तेज मूवमेंट, मजबूत डिफेंस और सटीक पंचों के जरिए महत्वपूर्ण अंक हासिल किए। हालांकि राउंड के अंत में व्हाइट ने कुछ अच्छे पंच लगाए, लेकिन साक्षी ने नियंत्रण बनाए रखा और अपनी बढ़त कायम रखी।
संयमित प्रदर्शन से ऐतिहासिक स्वर्ण पदक पक्का
साक्षी अंतिम राउंड में आरामदायक बढ़त के साथ उतरीं। उन्होंने अनावश्यक जोखिम लेने के बजाय धैर्य और आत्मविश्वास के साथ बॉक्सिंग की। उन्होंने सही मौके का इंतजार किया और जब भी व्हाइट आगे बढ़ीं, सटीक जवाबी पंच लगाकर अंक हासिल किए। व्हाइट ने अंत में बॉडी अटैक करने की कोशिश की, लेकिन इससे मुकाबले के परिणाम में कोई बदलाव नहीं आया।
साक्षी ने शानदार प्रदर्शन पूरा करते हुए सर्वसम्मत 5-0 की जीत दर्ज की और स्वर्ण पदक अपने नाम किया।
साक्षी का पहला राष्ट्रमंडल पदक
यह स्वर्ण पदक साक्षी चौधरी का राष्ट्रमंडल खेलों में पहला पदक है, जबकि वह पहले ही दो बार की विश्व चैंपियन हैं। उनकी जीत ने उन्हें उसी दिन स्वर्ण पदक जीतने वाली तीसरी भारतीय मुक्केबाज भी बना दिया, जो ग्लासगो खेलों में भारत के शानदार बॉक्सिंग प्रदर्शन को दर्शाता है।
इस जीत के साथ राष्ट्रमंडल खेल 2026 में भारत के स्वर्ण पदकों की संख्या बढ़कर नौ हो गई है, जिससे देश का शानदार अभियान और मजबूत हुआ है।
