अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि यदि अमेरिका और ईरान के बीच शांति समझौता हो जाता है, तो वह ईरान के नए सर्वोच्च नेता मोजतबा खामेनेई से मिलने के लिए तैयार हो सकते हैं।
गुरुवार को ओवल ऑफिस में पत्रकारों से बातचीत के दौरान ट्रंप ने कहा कि वह सक्रिय रूप से ऐसी मुलाकात की कोशिश नहीं कर रहे हैं। हालांकि, उन्होंने कहा कि यदि दोनों पक्ष सफलतापूर्वक किसी समझौते तक पहुंचते हैं, तो वह इस पर विचार करेंगे।
ट्रंप ने व्हाइट हाउस में पत्रकारों से कहा, “मैं मिलना नहीं चाहता। लेकिन अगर मैं मिलता हूं, तो उनसे मिलना मेरे लिए सम्मान की बात होगी। मैं देखना चाहूंगा कि क्या हम कोई समझौता कर पाते हैं, और अगर ऐसा होता है, तो संभव है कि मैं उनसे मिलूं। मुझे इसमें कोई आपत्ति नहीं होगी।”
ट्रंप ने खामेनेई की प्रतिष्ठा पर भी टिप्पणी की। उन्होंने स्वीकार किया कि ईरानी नेता शायद उन्हें पसंद न करते हों, लेकिन कहा कि कुछ लोग उनके बारे में सकारात्मक राय रखते हैं।
ट्रंप ने कहा, “मैं कहूंगा कि मैं शायद उनका पसंदीदा व्यक्ति नहीं हूं, लेकिन इसके बावजूद वह संभवतः एक अनुभवी व्यक्ति हैं। कुछ वर्गों में उनकी बहुत अच्छी प्रतिष्ठा भी है।”
अली खामेनेई की मृत्यु के बाद नेतृत्व परिवर्तन
ट्रंप ने यह टिप्पणी अमेरिका और ईरान के बीच जारी संघर्ष के दौरान की। यह युद्ध 28 फरवरी को शुरू हुआ और इससे वैश्विक तेल संकट और गहरा हुआ। संघर्ष के दौरान अमेरिकी हमलों में ईरान के पूर्व सर्वोच्च नेता आयतुल्लाह अली खामेनेई, जो मोजतबा खामेनेई के पिता थे, की मौत हो गई। उनकी मृत्यु के बाद मोजतबा खामेनेई ने देश के सर्वोच्च नेतृत्व का पद संभाल लिया।
नेतृत्व में इस बदलाव ने अंतरराष्ट्रीय स्तर पर ध्यान आकर्षित किया है, क्योंकि वॉशिंगटन और तेहरान के बीच तनाव लगातार बना हुआ है।
संभावित बातचीत पर ट्रंप की प्रतिक्रिया
पत्रकारों ने ट्रंप से पूछा कि क्या ऐसी बैठक अमेरिका में हो सकती है। इस पर उन्होंने कहा कि उन्होंने इस विचार पर ज्यादा ध्यान नहीं दिया है। उन्होंने कहा, “मैंने इसके बारे में ज्यादा नहीं सुना है। मैंने इसका सुझाव नहीं दिया था, लेकिन कुछ लोगों ने यह सुझाव दिया है।”
ट्रंप की यह टिप्पणी उस समय आई जब कुछ दिन पहले अमेरिकी विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने मोजतबा खामेनेई की कूटनीतिक संपर्कों में भूमिका पर चर्चा की थी।
रुबियो बोले— खामेनेई की भूमिका बढ़ रही है
मंगलवार को सीनेट की सुनवाई के दौरान रुबियो ने कहा कि ईरान के नए सर्वोच्च नेता अमेरिका के साथ वार्ताओं में अधिक सक्रिय भूमिका निभाते दिखाई दे रहे हैं।
रुबियो ने सांसदों से कहा,
“मुझे लगता है कि ऐसे संकेत हैं कि वह किसी स्तर पर लगातार जुड़ रहे हैं, हालांकि उनकी सभी बातचीत लिखित रूप में और मध्यस्थों के जरिए हुई है।”
रुबियो ने कहा कि खामेनेई ने सीधे संवाद के बजाय लिखित संदेशों और मध्यस्थों के माध्यम से संपर्क किया है। उन्होंने संकेत दिया कि ईरानी नेता तेहरान की रणनीति तय करने में अधिक सक्रिय हो रहे हैं।
ईरान ने बैठक की संभावना खारिज की
ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने ट्रंप और खामेनेई के बीच संभावित मुलाकात की संभावना को खारिज कर दिया। ईरान इंटरनेशनल के अनुसार, अराघची ने कहा कि सुरक्षा एजेंसियों ने सुरक्षा कारणों से खामेनेई की सार्वजनिक मौजूदगी बढ़ाने के खिलाफ सलाह दी है।
उन्होंने जोर देकर कहा कि सीमित सार्वजनिक उपस्थिति के बावजूद ईरानी नेतृत्व सर्वोच्च नेता के साथ लगातार संपर्क में है।
अराघची ने कहा कि खामेनेई के साथ संवाद “लगातार जारी” है और अधिकारी कार्रवाई करने से पहले “उचित समय पर” उनका मार्गदर्शन प्राप्त करते हैं।
ईरान ने कहा— खामेनेई के पास पूर्ण अधिकार
अराघची ने ईरानी व्यवस्था में खामेनेई की शक्ति को भी रेखांकित किया। उन्होंने कहा, “मोजतबा खामेनेई अब इस्लामी गणराज्य के नेता हैं और देश के घटनाक्रम में उनकी बहुत करीबी और प्रभावशाली भूमिका है। उनके पास मामलों पर पूरा नियंत्रण है।”
उन्होंने यह भी कहा कि नए सर्वोच्च नेता के प्रति समर्थन मजबूत बना हुआ है।
उन्होंने कहा, “शहीद नेता के प्रति जिस स्तर की आज्ञाकारिता और निष्ठा थी, वही अब नए क्रांतिकारी नेता के प्रति भी पूरी तरह मौजूद है।”
उनकी टिप्पणियों ने यह दिखाने की कोशिश की कि अमेरिका के साथ जारी तनाव के बीच ईरान एकता और स्थिरता का संदेश देना चाहता है।
