ईरान इंटरनेशनल द्वारा उद्धृत सूत्रों ने बताया कि ईरान की विशेषज्ञों की सभा ने अली खामेनेई की मृत्यु के बाद उनके पुत्र मोज्तबा खामेनेई को देश का अगला सर्वोच्च नेता चुन लिया है।
मोज्तबा, अली खामेनेई के बेटे हैं। इस कथित निर्णय की पुष्टि अभी तक ईरानी सरकारी मीडिया द्वारा आधिकारिक रूप से नहीं की गई है।
नेतृत्व चयन में इस्लामी रिवोल्यूशनरी गार्ड कोर का प्रभाव
सूत्रों के अनुसार, विशेषज्ञों की सभा ने यह निर्णय इस्लामी रिवोल्यूशनरी गार्ड कोर के भारी दबाव में लिया। यह घटनाक्रम असामान्य माना जा रहा है। इससे संकेत मिलता है कि गार्ड बल ईरान के राजनीतिक सत्ता परिवर्तन में अधिक प्रभाव हासिल कर रहे हैं।
विश्लेषकों का कहना है कि यदि यह दबाव सही पाया जाता है, तो यह इस्लामी गणराज्य में नेतृत्व चयन की प्रक्रिया में एक महत्वपूर्ण बदलाव होगा।
खाड़ी क्षेत्र में ईरान के हमले जारी
इसी दौरान ईरान ने खाड़ी क्षेत्र में इजरायली और अमेरिकी लक्ष्यों पर हमले जारी रखे। ये हमले ऐसे समय में हुए जब इजरायल और संयुक्त राज्य अमेरिका ने ईरानी क्षेत्र के भीतर अपने सैन्य अभियानों को तेज कर दिया। संघर्ष के विस्तार के साथ पूरे क्षेत्र में हताहतों की संख्या बढ़ी है।
कतर ने ईरानी विमान और मिसाइलें रोकीं
इस बीच कतर ने कहा कि उसकी वायु सेना ने ईरान से आए दो एसयू-24 लड़ाकू विमानों को “सफलतापूर्वक रोक लिया।” उसने सात बैलिस्टिक मिसाइलों और पांच ड्रोन को भी लक्ष्य तक पहुंचने से पहले ही नष्ट कर दिया।
इन अवरोधों से खाड़ी के हवाई क्षेत्र में संघर्ष के बढ़ते दायरे का पता चलता है।
ईरान के भीतर भारी जनहानि
ईरान के अंदर संयुक्त अमेरिकी-इजरायली हमलों में कम से कम 555 लोगों की मौत होने की खबर है। यह संख्या जारी अभियान की बढ़ती मानवीय कीमत को दर्शाती है।
सुरक्षा प्रमुख अली लारिजानी ने अमेरिकी मीडिया की उन खबरों का खंडन किया, जिनमें कहा गया था कि उन्होंने वाशिंगटन के साथ परमाणु वार्ता फिर से शुरू करने के प्रयास किए हैं। उन्होंने इन दावों को खारिज किया कि संकट के बीच ईरान नई वार्ता की तलाश कर रहा है।
कुवैत में अमेरिकी युद्धक विमानों की दुर्घटना
खाड़ी क्षेत्र में कुवैत के रक्षा मंत्रालय ने कहा कि कई अमेरिकी युद्धक विमान कुवैती क्षेत्र में दुर्घटनाग्रस्त हो गए। हालांकि, सभी चालक दल के सदस्य सुरक्षित बच गए।
बाद में अमेरिकी सेना ने स्पष्ट किया कि कुवैती वायु रक्षा प्रणाली ने गलती से इन विमानों को मार गिराया था।
लेबनान में हिंसा का विस्तार
खाड़ी से परे लेबनान में भी हिंसा तेज हो गई। हिज़्बुल्लाह द्वारा उत्तरी इजरायल में रॉकेट दागे जाने के बाद इजरायली हमलों में कम से कम 31 लोगों की मौत हो गई।
इसके जवाब में लेबनान के प्रधानमंत्री ने हिज़्बुल्लाह की सैन्य गतिविधियों पर प्रतिबंध लगाने की घोषणा की। इस कदम का उद्देश्य देश के भीतर और अधिक तनाव को रोकना है।
संघर्ष कई मोर्चों पर फैलता जा रहा है, जिसके साथ जनहानि बढ़ रही है और क्षेत्र में राजनीतिक अनिश्चितता गहराती जा रही है।
