ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेजेश्कियन ने कहा कि यदि डोनाल्ड ट्रंप जून में हुए समझौता ज्ञापन के तहत की गई प्रतिबद्धताओं को पूरा करते हैं, तो तेहरान अमेरिका के साथ शांति समझौते को फिर से लागू करने के लिए तैयार है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने SCO शिखर सम्मेलन के दौरान ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेज़ेशकियान से मुलाकात की। दोनों नेताओं ने द्विपक्षीय संबंधों, क्षेत्रीय तनाव और भारत-ईरान सहयोग को और विस्तार देने के तरीकों पर चर्चा की।
अमेरिकी बलों ने होर्मुज़ जलडमरूमध्य के पास ईरानी रॉकेट लॉन्चरों पर हमला किया, जिससे तनाव फिर बढ़ने और दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण ऊर्जा मार्गों में से एक में आपूर्ति व जहाजरानी के और बाधित होने की आशंका बढ़ गई।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने अमेरिका और वेनेजुएला के बीच एक ऐतिहासिक तेल समझौते की घोषणा की है। इसके तहत वॉशिंगटन को वेनेजुएला के 65 अरब बैरल से अधिक के प्रमाणित तेल भंडार पर बहुमत नियंत्रण मिलेगा। इस समझौते से अमेरिका में ऊर्जा आपूर्ति बढ़ने और वेनेजुएला में बड़े पैमाने पर निवेश आने की उम्मीद है।
ईरान ने होर्मुज़ जलडमरूमध्य से गुजरने वाले 45 टैंकरों को ब्लैकलिस्ट किया है, जिनमें भारतीय कंपनियों से जुड़े दो जहाज भी शामिल हैं, जिससे भारत और वैश्विक ऊर्जा बाजार पर दबाव बढ़ने की आशंका है।
ट्रंप ने दावा किया है कि होर्मुज़ जलडमरूमध्य अमेरिकी क्षेत्र है। उन्होंने ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई का बचाव करते हुए यह बयान दिया, जबकि तेहरान की ओर से उनके दावे का कड़ा विरोध किया जा रहा है।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि ईरान को हराने के बाद वह होर्मुज जलडमरूमध्य को अमेरिकी क्षेत्र घोषित कर सकते हैं। उन्होंने पश्चिम एशिया में यूएसएस अब्राहम लिंकन की लंबे समय से जारी तैनाती का भी बचाव किया।
ईरान के साथ युद्ध के दौरान अमेरिका ने कम से कम 45 MQ-9 रीपर ड्रोन खो दिए। इन नुकसानों से अमेरिकी करदाताओं पर 1.3 अरब डॉलर से अधिक का बोझ पड़ सकता है और पहले से कम हो चुके अमेरिकी हथियार भंडार पर दबाव और बढ़ सकता है।
ईरान का कहना है कि वह होर्मुज जलडमरूमध्य पर ओमान के साथ समझौते के करीब है, लेकिन इस महत्वपूर्ण ऊर्जा मार्ग को फिर से खोलने से पहले अमेरिका से व्यापक रियायतों की मांग कर रहा है।