अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने उन रिपोर्टों को खारिज कर दिया है जिनमें कहा गया था कि अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत ठप पड़ गई है। उन्होंने जोर देकर कहा कि लेबनान, स्ट्रेट ऑफ होर्मुज़ और ईरान के परमाणु कार्यक्रम को लेकर मतभेद बने रहने के बावजूद दोनों देशों के बीच चर्चा सक्रिय रूप से जारी है।
ईरान के IRGC ने कुवैत में अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर किए गए मिसाइल हमलों की जिम्मेदारी ली, जबकि कुवैती एयर डिफेंस सिस्टम ने शत्रुतापूर्ण मिसाइलों और ड्रोन को इंटरसेप्ट कर लिया।
होर्मुज जलडमरूमध्य संकट और अमेरिका के साथ बढ़ते तनाव के बीच पाकिस्तान ने ईरान के साथ कूटनीतिक प्रयास तेज कर दिए हैं, ताकि रुकी हुई शांति वार्ताओं को फिर से शुरू कराया जा सके।
ईरान की फुटबॉल टीम फीफा वर्ल्ड कप 2026 से पहले अब भी वीजा मिलने का इंतजार कर रही है, क्योंकि संयुक्त राज्य अमेरिका और ईरान के बीच राजनीतिक तनाव जारी है।
ईरान ने होर्मुज जलडमरूमध्य के आसपास अपने सैन्य नियंत्रण के दावों का विस्तार किया है, जिससे दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण वैश्विक तेल मार्गों में से एक को लेकर तनाव और बढ़ गया है।
ईरान के पूर्व विदेश मंत्री कमाल खर्राज़ी अपने घर पर हुए हमले में गंभीर रूप से घायल हो गए। वहीं रिपोर्टों के अनुसार लगातार हमलों के बावजूद ईरान की शासन व्यवस्था अभी भी स्थिर बनी हुई है।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि ईरान की सैन्य ताकत तेजी से ढह रही है और दावा किया कि संयुक्त राज्य अमेरिका युद्ध को समाप्त करने के बहुत करीब पहुंच चुका है। साथ ही उन्होंने चेतावनी दी कि यदि कोई समझौता नहीं हुआ तो अमेरिका आगे और सैन्य हमले कर सकता है।