अमेरिकी प्रतिनिधि सभा ने बुधवार को एक अहम विधेयक पारित किया, जिससे अमेरिकी इतिहास के सबसे लंबे सरकारी शटडाउन का अंत हो गया और सरकारी कामकाज फिर शुरू हो गया। कांग्रेस के दोनों सदनों ने इस विधेयक को मंजूरी दे दी है और इसे राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प के हस्ताक्षर के लिए भेजा है, जिससे सरकार आधिकारिक रूप से दोबारा खुल जाएगी।
रिपब्लिकन-नियंत्रित प्रतिनिधि सभा ने 213-209 के संकीर्ण अंतर से इस प्रस्ताव को पारित किया। ट्रम्प के समर्थन ने अधिकांश रिपब्लिकन सांसदों को एकजुट करने में मदद की, हालांकि डेमोक्रेट्स ने इसका कड़ा विरोध किया। कई डेमोक्रेट सांसदों ने निराशा व्यक्त की क्योंकि सीनेट रिपब्लिकन के साथ लंबे गतिरोध के बाद भी वे संघीय स्वास्थ्य बीमा सब्सिडी को बढ़ाने के समझौते तक नहीं पहुंच सके।
अंतिम मतदान पार्टी लाइनों के अनुसार हुआ, जिसमें प्रतिनिधि सभा ने सीनेट द्वारा पारित वित्त पोषण पैकेज को मंजूरी दी। इस कदम से सरकारी एजेंसियां और विभाग दोबारा काम करना शुरू कर देंगे। हालांकि, कई डेमोक्रेट नेताओं ने अपनी ही पार्टी के नेतृत्व की आलोचना करते हुए इस निर्णय को रिपब्लिकन मांगों के आगे “समर्पण” बताया।
वोट से पहले सदन के स्पीकर माइक जॉनसन ने कड़ा भाषण दिया और गतिरोध के लिए विपक्ष को दोषी ठहराया।
उन्होंने कहा, “उन्हें पता था कि इससे लोगों को तकलीफ होगी, फिर भी उन्होंने ऐसा किया। पूरा यह अभ्यास व्यर्थ था। यह गलत था और यह क्रूर था।”
विधेयक की मुख्य प्रावधान
संघीय वित्त पोषण विधेयक अधिकांश सरकारी एजेंसियों को 30 जनवरी तक चालू रखेगा। यह अस्थायी कदम रिपब्लिकन और डेमोक्रेट्स के बीच पूरे वित्तीय वर्ष के दीर्घकालिक वित्त पोषण को लेकर जारी मतभेदों को दर्शाता है।
विधेयक यह सुनिश्चित करता है कि “सप्लीमेंटल न्यूट्रिशन असिस्टेंस प्रोग्राम” (SNAP), जिसे आमतौर पर “फूड स्टैम्प्स” कहा जाता है, को 30 सितंबर तक पूरे वित्तीय वर्ष के लिए धन मिलता रहेगा। यह SNAP की आपात निधि को भी पुनः भरता है और बच्चों के पोषण कार्यक्रमों — जैसे निशुल्क और कम दर के स्कूल भोजन — को पूरी तरह से समर्थन देता है।
इसके अलावा, सांसदों की सुरक्षा बढ़ाने और कैपिटल परिसर के आसपास भौतिक सुरक्षा में सुधार के लिए 203.5 मिलियन डॉलर आवंटित किए गए हैं।
विधेयक यह भी सुनिश्चित करता है कि लगभग 14 लाख संघीय कर्मचारियों को, जिन्हें शटडाउन के दौरान अवकाश पर भेजा गया था या बिना वेतन काम करना पड़ा था, उन्हें बकाया वेतन (रेट्रोएक्टिव पे) मिलेगा। इन कर्मचारियों को 40 दिनों के इस गतिरोध के दौरान दो पूरे और तीसरे का आंशिक वेतन नहीं मिला था।
समझौते पर डेमोक्रेट्स की नाराज़गी
इस समझौते ने डेमोक्रेट्स के बीच गहरा असंतोष पैदा किया है। सप्ताह की शुरुआत में आठ सीनेट डेमोक्रेट्स ने पार्टी लाइन तोड़कर इस वित्त पोषण पैकेज का समर्थन किया था, जिससे सरकार 30 जनवरी तक चलती रहेगी। यह विधेयक सरकार के खर्च को उसी स्तर पर रखेगा, जिससे राष्ट्रीय ऋण हर साल लगभग 1.8 ट्रिलियन डॉलर बढ़ेगा, जो अब 38 ट्रिलियन डॉलर से अधिक हो चुका है।
एरिज़ोना के रिपब्लिकन सांसद डेविड श्विकर्ट ने इस पूरे राजनीतिक घटनाक्रम का मज़ाक उड़ाते हुए कहा, “मुझे ऐसा लग रहा है जैसे मैं ‘साइनफेल्ड’ का कोई एपिसोड देख कर आया हूँ। हमने 40 दिन बर्बाद कर दिए और मुझे अब तक समझ नहीं आया कि कहानी क्या थी।”
उन्होंने आगे कहा, “मुझे लगा था कि यह 48 घंटे में निपट जाएगा — लोग अपनी बात कहेंगे, थोड़ा गुस्सा निकालेंगे, और फिर हम काम पर लौट आएंगे। लेकिन अब ऐसा लगता है कि ‘गुस्सा ही नीति बन गया है।’”
कई प्रतिनिधि सभा डेमोक्रेट्स सीनेट सौदे से नाराज़ रहे, खासकर तब जब न्यू जर्सी, वर्जीनिया और न्यूयॉर्क सिटी में उनकी हालिया चुनावी जीतों ने उनके मोलभाव की स्थिति को मजबूत किया था। हालांकि सीनेट के समझौते में दिसंबर में स्वास्थ्य बीमा सब्सिडी पर वोट तय किया गया है, लेकिन स्पीकर जॉनसन ने प्रतिनिधि सभा में ऐसा कोई वादा नहीं किया।
न्यू जर्सी की नव-निर्वाचित राज्यपाल और विदा ले रहीं डेमोक्रेट सांसद मिकी शेरिल ने अपने विदाई भाषण में इस विधेयक की आलोचना की। उन्होंने कहा, “मेरे सहयोगियों से निवेदन है — इस सदन को ऐसे प्रशासन की ‘औपचारिक मुहर’ न बनने दें जो बच्चों से भोजन छीनता है और स्वास्थ्य सेवा समाप्त करता है।”
आगे क्या?
इस विधेयक के पारित होने से एक ऐतिहासिक शटडाउन समाप्त हो गया, जिसने सरकारी कामकाज को एक महीने से अधिक समय तक ठप रखा था। हालांकि, रिपब्लिकन और डेमोक्रेट्स के बीच राजनीतिक मतभेद अब भी गहरे हैं। चूंकि यह केवल अस्थायी वित्त पोषण है, इसलिए अगले वर्ष की शुरुआत में कांग्रेस को फिर से बजट वार्ता करनी होगी — जिससे एक और गतिरोध की आशंका बनी हुई है।
