स्ट्रेट ऑफ होर्मुज़ पर लंबे समय से जारी नाकाबंदी के बावजूद भारत ने इस महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग से अपने प्रमुख जहाजों की आवाजाही जारी रखी है। इससे क्षेत्रीय तनाव के बीच देश की ऊर्जा सुरक्षा बनी रही और तेल, गैस सहित आवश्यक आपूर्तियों का प्रवाह प्रभावित नहीं हुआ।