ईरान ने पाकिस्तान के जरिए संयुक्त राज्य अमेरिका को एक नया प्रस्ताव भेजा है, जिससे वार्ता की संभावनाएं बढ़ी हैं, जबकि होर्मुज जलडमरूमध्य में जारी तनाव अब भी वैश्विक बाजारों को प्रभावित कर रहा है।
अमेरिका में आंतरिक उथल-पुथल बढ़ गई है, क्योंकि संघर्ष के एक बेहद महत्वपूर्ण समय के दौरान शीर्ष सैन्य और राजनीतिक नेताओं को अचानक पदों से हटा दिया गया है
ईरान के पूर्व विदेश मंत्री कमाल खर्राज़ी अपने घर पर हुए हमले में गंभीर रूप से घायल हो गए। वहीं रिपोर्टों के अनुसार लगातार हमलों के बावजूद ईरान की शासन व्यवस्था अभी भी स्थिर बनी हुई है।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा ईरान के साथ चल रहे युद्ध को लेकर आक्रामक बयान देने के बाद वैश्विक बाजारों में तेज उतार-चढ़ाव देखा गया। बढ़ते तनाव के कारण तेल की कीमतें बढ़ीं, अमेरिकी डॉलर मजबूत हुआ और शेयर बाजारों में गिरावट आई।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने होर्मुज़ जलडमरूमध्य संकट से प्रभावित देशों से “अपना तेल खुद हासिल करने” की अपील की और ईरान संघर्ष में समर्थन की कमी पर नाराज़गी जताई।
पीएम मोदी ने पश्चिम एशिया संघर्ष से उत्पन्न वैश्विक ईंधन जोखिमों को लेकर चेतावनी दी और लोगों से शांति, एकता बनाए रखने तथा सरकारी उपायों पर भरोसा करने का आग्रह किया।
लियोन पैनेटा ने चेतावनी दी कि स्ट्रेट ऑफ होर्मुज संकट गहराने के बीच डोनाल्ड ट्रंप एक ऐसे युद्ध में फंस गए हैं, जिससे बाहर निकलने का कोई आसान रास्ता नहीं है।