ईरान का कहना है कि वह अमेरिका के साथ किसी भी समझौते को तब तक मंजूरी नहीं देगा, जब तक उसमें ईरानी अधिकारों की पूरी तरह से रक्षा सुनिश्चित न हो जाए। इस बीच परमाणु, सैन्य और क्षेत्रीय मुद्दों पर मतभेदों के कारण दोनों देशों के बीच वार्ता ठप बनी हुई है।
ईरान ने कहा कि परमाणु वार्ताओं और समुद्री सुरक्षा को लेकर अमेरिका के साथ जारी तनाव के बीच आईआरजीसी की सुरक्षा में 28 वाणिज्यिक जहाजों ने होर्मुज़ जलडमरूमध्य को सुरक्षित रूप से पार किया।
अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान को चेतावनी देते हुए कहा कि उसके लिए “घड़ी चल रही है”, क्योंकि रुकी हुई परमाणु वार्ताओं और क्षेत्रीय संघर्ष को लेकर तनाव लगातार बढ़ता जा रहा है।
डोनाल्ड ट्रंप ने चेतावनी दी है कि यदि वार्ता विफल होती है, तो अमेरिका और अधिक कठोर सैन्य कार्रवाई कर सकता है। वहीं, रिपोर्टों के अनुसार ईरान अगले कुछ दिनों में अमेरिकी शांति प्रस्ताव पर जवाब दे सकता है।
ईरान ने मोहम्मद बाकर गालिबाफ के अमेरिका के साथ संघर्षविराम वार्ता से हटने की खबरों को खारिज कर दिया है। देश ने इन रिपोर्ट्स को गलत बताते हुए कहा कि आंतरिक मतभेद और नेतृत्व विवादों के दावों के बीच भी गालिबाफ अपनी भूमिका में बने हुए हैं।
बातचीत ठप पड़ने के बावजूद पाकिस्तान के अनुरोध पर डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान के साथ युद्धविराम अनिश्चित काल तक बढ़ा दिया, जबकि अमेरिकी नाकेबंदी और असफल वार्ताओं को लेकर तनाव अब भी बना हुआ है।
इस्लामाबाद में अमेरिका और ईरान के बीच 21 घंटे तक चली वार्ता बिना किसी समझौते के खत्म हो गई। होर्मुज़ जलडमरूमध्य और परमाणु अधिकार जैसे प्रमुख मुद्दों पर मतभेद के कारण दोनों पक्ष अंतिम समझौते तक नहीं पहुंच सके।
ईरान के साथ बढ़ते तनाव के बीच संयुक्त राज्य अमेरिका ने मध्य पूर्व में अपनी सैन्य उपस्थिति बढ़ा दी है, जबकि जिनेवा में अप्रत्यक्ष परमाणु वार्ताएं अभी भी जारी हैं।