वूमेंस प्रीमियर लीग 2026 के 16वें मुकाबले में मुंबई इंडियंस (MI) ने वडोदरा के कोटांबी स्टेडियम में रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB) को 15 रन से मात दी। नैट साइवर-ब्रंट ने 32 गेंदों में शानदार अर्धशतक जड़ा और फिर सटीक प्लेसमेंट व क्लीन हिटिंग के साथ तेजी से रन बटोरे। उनकी पारी की बदौलत मुंबई इंडियंस ने 199 रन बनाए, जो इस सीजन में इस मैदान का सबसे बड़ा स्कोर रहा।
लक्ष्य का दबाव जल्द ही दिखने लगा और RCB की टीम शुरुआती झटकों में 35 रन पर 5 विकेट गंवा बैठी। हालांकि रिचा घोष ने मात्र 50 गेंदों में तूफानी 90 रन बनाकर जोरदार पलटवार किया। बावजूद इसके, आवश्यक रन रेट और सहयोग की कमी भारी पड़ी और RCB 15 रन से मैच हार गई।
अहम जीत से MI की उम्मीदें बरकरार
साइवर-ब्रंट का यह पहला टी20 शतक बिल्कुल सही समय पर आया। MI लगातार तीन मैच हारकर अंक तालिका में चौथे स्थान पर थी और एक और हार उन्हें बाहर होने की कगार पर पहुंचा देती।
इसके बजाय, MI ने तालिका में शीर्ष पर चल रही RCB को हराकर दूसरा स्थान हासिल किया और क्वालिफिकेशन की उम्मीदें अपने हाथों में बनाए रखीं। वहीं RCB को सीजन की दूसरी लगातार हार झेलनी पड़ी, हालांकि शुरुआती पांच लगातार जीतों से वह पहले ही नॉकआउट में पहुंच चुकी थी।
MI की एक और धीमी पावरप्ले शुरुआत
MI की शुरुआत एक बार फिर धीमी रही। एस साजना 7 रन बनाकर जल्दी आउट हो गईं, जिन्हें लॉरेन बेल की स्विंग ने फंसा लिया। बल्लेबाजों को गेंद की मूवमेंट और असमान उछाल से परेशानी हुई और पावरप्ले में टीम 38/1 तक ही पहुंच सकी, जिसमें सिर्फ चार चौके लगे और कोई छक्का नहीं आया।
इसके बाद नैट साइवर-ब्रंट और हेले मैथ्यूज़ ने पारी संभाली। अनुभवी जोड़ी ने तेज साझेदारी करते हुए महज 21 गेंदों में स्कोर को 50 से 100 तक पहुंचा दिया।
साइवर-ब्रंट ने पहले आक्रमण किया। उन्होंने नादिन डी क्लर्क पर कदम बाहर निकालकर सीधा ड्राइव लगाया। पिच की धीमी गति को देखते हुए दोनों बल्लेबाजों ने बैक-फुट का अच्छा इस्तेमाल किया। साइवर-ब्रंट ने श्रेयांका पाटिल पर कवर के जरिए दो चौके लगाए, जबकि मैथ्यूज़ ने अरुंधति रेड्डी पर स्क्वायर के पीछे दो चौके जमाए। 50 रन की साझेदारी तेजी से पूरी हुई।
साइवर-ब्रंट का शतक तक तूफानी सफर
WPL रन चार्ट में शीर्ष पर पहुंचने के बाद साइवर-ब्रंट ने गियर बदल दिया। उन्होंने डी क्लर्क पर छक्का जड़ा और फिर श्रेयांका पाटिल पर लगातार तीन चौके लगाए। इनमें से दो स्वीप शॉट से आए और इसी दौरान 32 गेंदों में उनका अर्धशतक पूरा हुआ, जो इस सीजन का उनका चौथा पचासा था।
मैथ्यूज़ ने ओवर का अंत एक और चौके से किया। इसके बाद साइवर-ब्रंट ने राधा यादव पर तीन और चौके जड़े और दोनों ने मिलकर महज 61 गेंदों में 100 रन की साझेदारी पूरी की।
मैथ्यूज़ ने जल्द ही 35 गेंदों में अपना अर्धशतक पूरा किया, जो उनका इस WPL का पहला पचासा था। साझेदारी का अंत तब हुआ जब बेल ने वापसी करते हुए मैथ्यूज़ को आउट किया।
हरमनप्रीत कौर ने 12 गेंदों में तेज 20 रन जोड़े, लेकिन आउट हो गईं। साइवर-ब्रंट ने 19वें ओवर में वाइड यॉर्कर को काटकर चौका लगाया और 99 पर पहुंचीं, जो उस समय WPL इतिहास का सबसे बड़ा व्यक्तिगत स्कोर था। इसके तुरंत बाद उन्होंने शतक पूरा किया और लंबा इंतजार खत्म किया।
इससे पहले महिला टी20 में 348 पारियों में सबसे ज्यादा रन (8,883) और अर्धशतक (57) बिना शतक के उनके नाम थे। अंतिम ओवर में श्रेयांका पाटिल ने कसी हुई गेंदबाजी करते हुए सिर्फ पांच रन दिए और MI का स्कोर 200 से थोड़ा कम रहा।
गेंद से मैथ्यूज़ का कहर
सीजन की धीमी शुरुआत के बाद हेले मैथ्यूज़ ने गेंद से जबरदस्त असर डाला। कंधे की चोट और शुरुआती संघर्ष से लौटने के बाद उन्होंने लीग की सबसे मजबूत बल्लेबाजी लाइन-अप के खिलाफ लय हासिल की।
उनकी ऑफ-स्पिन ने तुरंत असर दिखाया। स्मृति मंधाना 6 रन बनाकर बैकवर्ड स्क्वायर लेग पर कैच दे बैठीं। इसके बाद ग्रेस हैरिस ने शबनम इस्माइल को कैच थमा दिया। जॉर्जिया वोल विकेटकीपर के हाथों आउट हुईं।
दो गेंद बाद इस्माइल ने गौतमी नाइक को बोल्ड कर RCB को 31/4 पर ला दिया। इसके बाद राधा यादव भी मैथ्यूज़ की गेंद पर लॉन्ग-ऑन पर कैच दे बैठीं और पावरप्ले के अंत तक RCB 35/5 पर सिमट गई।
रिचा घोष की जुझारू पारी
कठिन हालात में रिचा घोष ने साहसिक बल्लेबाजी की। पिछले मैच में RCB अपने सबसे कम WPL स्कोर पर आउट हो गई थी और शुरुआती नुकसान ने एक और पतन का खतरा पैदा कर दिया था।
घोष को दो जीवनदान मिले—पहला स्पिनर की गेंद पर विकेटकीपर से छूटा कैच और दूसरा लॉन्ग-ऑफ पर मैथ्यूज़ द्वारा छोड़ा गया आसान कैच। इसके बावजूद वह आक्रमण करती रहीं।
जब RCB को 48 गेंदों में 120 रन चाहिए थे और सिर्फ चार विकेट बचे थे, तब भी घोष ने जोखिम लेना जारी रखा। उन्होंने छोटी या चौड़ी गेंदों पर प्रहार किया और हर गेंदबाज पर दबाव बनाया। 16वें ओवर में उन्होंने अमेलिया केर पर लगातार तीन चौके जड़े। अमनजोत कौर ने एक कसे हुए ओवर से कुछ राहत दी, लेकिन 19वें ओवर में घोष फिर विस्फोटक हो गईं।
आखिरी ओवर का रोमांच, MI ने संभाला संयम
RCB को अंतिम दो ओवरों में 59 रन चाहिए थे। घोष ने तीन बड़े छक्कों से मुकाबला रोमांचक बना दिया। इसके बाद श्रेयांका पाटिल ने दो चौके लगाए और अंतिम ओवर में 32 रन की जरूरत रह गई।
घोष ने ओवर की शुरुआत चौके से की, लेकिन अमेलिया केर की डॉट गेंद ने पलड़ा फिर MI की ओर झुका दिया। इसके बावजूद घोष ने एक शानदार क्षण रचा—वाइड गेंद पर आगे बढ़कर कवर के ऊपर से जबरदस्त छक्का जड़ा।
हालांकि यह काफी नहीं था। अंतिम गेंद पर वह कैच आउट हो गईं और उनकी वीरतापूर्ण पारी का अंत हुआ। MI ने अंततः 15 रन की रोमांचक जीत दर्ज की।
संक्षिप्त स्कोरकार्ड
मुंबई इंडियंस (MI): 199/4 (20 ओवर)
नैट साइवर-ब्रंट 100*(57), हेले मैथ्यूज़ 56(39), हरमनप्रीत कौर 20(12);
लॉरेन बेल 2/21 (4), श्रेयांका पाटिल 1/34 (3)
रॉयल चैलेंजर्स बेंगलुरु (RCB): 184/9 (20 ओवर)
रिचा घोष 90(50), नादिन डी क्लर्क 28(20), ग्रेस हैरिस 15(9);
हेले मैथ्यूज़ 3/10 (2), शबनम इस्माइल 2/25 (4)
प्लेयर ऑफ द मैच: नैट साइवर-ब्रंट
मुंबई इंडियंस और RCB दोनों ने शानदार खेल दिखाया। महिला प्रीमियर लीग की सबसे लगातार प्रदर्शन करने वाली बल्लेबाज नैट साइवर-ब्रंट ने 1059 दिन और 82 मैचों बाद आखिरकार शतक का सूखा खत्म किया। वहीं, दबाव में खेली गई रिचा घोष की विस्फोटक पारी भले ही जीत में न बदली हो, लेकिन उन्होंने सभी का दिल जीत लिया। MI ने मैच जीता, लेकिन RCB ने भी संघर्षपूर्ण रन-चेज़ से खूब सराहना बटोरी।
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